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जाने माला के प्रकार, माला जपने का सही तरीका, नियम और फायदे-By Your Astrology Guru

जीवन में तरक्की के लिए अपशकुनों को पहचाने, करे लाल किताब के सरल उपाय

लाल किताब अनुसार शकुन – अपशकुन टोटके  शकुन-अपशकुन की अवधारणा हमारे भारतवर्ष में प्राचीन समय से ही रही है। आज के वैज्ञानिक युग में आदमी चांद, मंगल और शुक्र ग्रह पर नई दुनिया बसाने की सोच रहा है, ऐसे में शकुनों तथा अपशकुनों पर विश्वास करना कुछ उचित नहीं लगता, फिर भी समाज का शायद ही

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जाने यात्रा रेखा का रहस्य – आपके हाथो में विदेश यात्रा के योग है या नहीं ?

यात्रा रेखा – Yatra Rekha in Hindi अगर आप विदेश यात्रा पर जाने की सोच रहे हैं तो आपकी चाहत पूरी हो सकती है। लेकिन इसके लिए जरूरी है कि आपकी कुण्डली में विदेश यात्रा के योग (Foreign Travel Through Palmistry) मौजूद हों। वैसे आप चाहें तो अपनी हथेली देखकर भी यह जान सकते हैं

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चौक जाएंगे आप जानकर पद्मनाभ स्वामी मंदिर का रहस्य

पद्मनाभ स्वामी मंदिर – Padmanabhaswamy Temple तिरुवनंतपुरम शहर के बीच में स्थित है श्री पद्मनाभ स्वामी मंदिर। इस मंदिर को बहुत ही खूबसूरती से द्रविड़ शैली में बनाया गया है, इस शहर को इस मंदिर के नाम से जाना जाता है। मंदिर में भगवान विष्णु वास करते हैं, यहां भगवान विष्णु, ब्रह्मांडीय नागिन अनाथन पर सहारा

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मस्तिष्क रेखा का ज्ञान – Head Line in Palmistry

मस्तिष्क रेखा का ज्ञान – Head Line in Palmistry मस्तिष्क रेखा (Mind Line) हृदय रेखा (Heart Line) के नीचे होती है, यह रेखा तर्जनी व अंगूठे के लगभग बीच से शुरू होती है | मस्तिष्क रेखा (Mastishk Rekha) की स्थिति में किसी तरह की गड़बड़ी से व्यक्ति की अस्वाभाविक प्रवृत्ति का पता चलता है, सामान्यतः

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वेद और वैदिक परम्पराओ के ज्ञाता स्वामी दयानंद सरस्वती

स्वामी दयानंद सरस्वती पूरा नाम             – मूलशंकर अंबाशंकर तिवारी. जन्म                 – 12 फरवरी 1824 जन्मस्थान        – टंकारा (मोखी संस्थान, गुजरात). पिता                 – अंबाशंकर. माता                – अमृतबाई. शिक्षा               – शालेय

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जाने हाथ में बने त्रिशूल, स्वास्तिक, टेंट, कमल, सूर्य, हाथी के चिन्ह का रहस्य

Palm Signs – हाथ में बने चिन्ह इस संसार रूपी सिनेमा के पर्दे पर हमारी भूमिका क्या रहेगी इसकी पूरी कहानी और पटकथा विधाता ने हमारी हथेली पर लिख कर हमें अपना पात्र निभाने के लिए धरती पर भेज दिया है। हथेली पर रेखाओं के साथ कुछ विशेष चिन्ह ( Special Symbols in Palmistry) भी होते है जो

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राहु को खुश करने के उपाय तथा अशुभ राहु के लक्षण

राहु को खुश करने के उपाय – Rahu Ko Shant Karne Ke Upay लाल किताब अनुसार राहु को खुश करने के उपाय या राहु को मजबूत और प्रसन्न करने के घरेलु उपाय तथा मंत्र की बात की जाये, तो इस पोस्ट में आपको नीच का राहु के उपाय, राहु के रोग, लग्न में राहु के

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जानिए किस माह में जन्मे जातक कैसे होते है

जानिए किस माह में जन्मे जातक कैसे होते है क्या आपका बर्थ डे जनवरी में है ?  जनवरी में जन्में युवा प्रखर होते हैं, आपका जन्म किसी भी साल के जनवरी माह में हुआ है तो एस्ट्रोलॉजी कहती है आप बेहद आकर्षक और प्रोफेशनल हैं। भाग्य का चमकीला सितारा हमेशा आपके साथ चलता है। आप अपने गम कभी किसी को नहीं बताते

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छान्दोग्योपनिषद – ‘ॐकार’ की अध्यात्मिक महत्ता को समझाता उपनिषद

छान्दोग्योपनिषद – Chandogya Upanishad pdf सामवेद की तलवकार शाखा में इस उपनिषद को मान्यता प्राप्त है। इसमें दस अध्याय हैं। इसके अन्तिम आठ अध्याय ही इस उपनिषद में लिये गये हैं। यह उपनिषद पर्याप्त बड़ा है। नाम के अनुसार इस उपनिषद का आधार ‘छन्द’ है, इसका यहाँ व्यापक अर्थ के रूप में प्रयोग किया गया

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अष्टांग योग – Ashtanga Yoga of Patanjali

Ashtanga Yoga By Patanjali – अष्टांग योग Ashtanga Yoga in Hindi- महर्षि पंतजलि ने आत्मा को परमात्मा से जोड़ने की क्रिया को आठ भागों में बांटा। यही क्रिया अष्टांग योग (patanjali ashtanga yoga) के नाम से प्रसिद्ध है। आत्मा में बेहद बिखराव (विक्षेप) है जिसके कारण वह परमात्मा, जो आत्मा में भी व्याप्त है, की

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जाने स्वास्थ्य रेखा का रहस्य

अनियमित जीवन शैली से उपजने वाले रोगों से जीवन प्रभावित तो होता ही है, मनुष्य के काम करने, पढ़ने लिखने और सोचने विचारने की क्षमता पर भी असर पड़ता है। इन रोगों के अलावा कैंसर, हृदयाघात, गठिया, एड्स जैसी अन्य बीमारियां भी  को प्रभावित करती हैं। इस प्रकार कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि